शायरी – सहरा की प्यास हो तुम, सागर की तलाश हो तुम

love shyari next

सागर तेरी निगाहों में डूबा, अंबर तेरे दिल में डूबा
तेरे अश्क में सहरा डूबा, मैं हूं तेरे दर्द में डूबा

सहरा की प्यास हो तुम, सागर की तलाश हो तुम
अंबर की खामोशी में तुम हो. तुझमें सारा मंजर डूबा

अंबर का वो सावन हूं मैं, सहरा का मुसाफिर हूं मैं
सागर सा ये मन है मेरा, बिन तेरे मझधार में डूबा

सागर में ही डूब मरा मैं, अंबर में ही खो गया मैं
सहरा में ही जल गया मैं, रूह में तेरा इश्क है डूबा

(सहरा- वीरान जगह)

©RajeevSingh # love shayari #share photo shayari

Advertisements

One thought on “शायरी – सहरा की प्यास हो तुम, सागर की तलाश हो तुम”

Comments are closed.