आशिक शायरी

शायरी – मुहब्बत की दुआ किसने नहीं मांगी

हिंदी शायरी मुहब्बत की दुआ किसने नहीं मांगी अपने लिए ही सजा किसने नहीं मांगी
love shayari hindi shayari
मुहब्बत की दुआ किसने नहीं मांगी
अपने लिए ही सजा किसने नहीं मांगी
भले ही वो दें कितने ही बार धोखे
बेवफा से भी वफा किसने नहीं मांगी
उनकी यादों का दर्द जब कमने लगा
दुख बढ़ने की दवा किसने नहीं मांगी
उदासी के आईने को सजाने के लिए
हुस्न से एक अदा किसने नहीं मांगी

©RajeevSingh #love shayari

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