शायरी – कैसे मैं समझूं तुमको, कैसे तू समझे मुझको

love shyari next

तेरी आंखें जादू कर गईं, दिल में आंसू भर गईं
हंसती हुई जो मैं जिंदा थी, रोते-रोते मर गई

कैसे मैं समझूं तुमको, कैसे तू समझे मुझको
जब जुबां न बोलने की कसमें खाके अड़ गई

पास आने के लिए कितनी मोहलत चाहिए
एक मुद्दत से बहार आते-आते गुजर गई

फासलों में फासले हैं, हर जुदाई में हिज्रां
एक गम हैं सौ तरह के, झेलकर मैं मर गई

(हिज्रां- जुदाई)

©RajeevSingh # love shayari #share photo shayari

Advertisements

One thought on “शायरी – कैसे मैं समझूं तुमको, कैसे तू समझे मुझको”

  1. Chandne Chand Kartaa Ha Chamakna Setaro Ko Padta Ha Mahobat Ankha Karti Ga Tarapna Dil Ko Padta Ha

    Like

कमेंट्स यहां लिखें-

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out /  Change )

Google photo

You are commenting using your Google account. Log Out /  Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out /  Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out /  Change )

Connecting to %s

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.