आशिक शायरी

शायरी – दर्द की बज रही है शहनाइयां

शायरी निगाहों की शाम आ ही गई जुदाई की रात आ ही गई दर्द की बज रही है शहनाइयां यादों की बारात आ ही गई

love shayari hindi shayari


निगाहों की शाम आ ही गई
जुदाई की रात आ ही गई

दर्द की बज रही है शहनाइयां
यादों की बारात आ ही गई

जलती है शम्मा हौले-हौले
मीठी सी आग आ ही गई

सन्नाटे में तो कुछ आता नहीं
करवटों की आवाज आ ही गई


©RajeevSingh # love shayari #share photo shayari

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