इश्क की राख शायरी फोटो

इश्क की शायरी पिक

इश्क की राख अपने बदन पे
जिंदगी कब तक मलती रहेगी

Advertisements

रात तेरे बिना कटती नहीं है। करवटें जाने कितनी बार करवट लेती हैं। लेकिन जुगनू जैसी उम्मीद तो अभी भी बाकी है।

Advertisements

Leave a Reply