खून ए जिगर तेरी जफा शायरी ईमेज

खून ए जिगर शायरी ईमेज

हर सितम के आईने में तुमको देखूं बार-बार
खूने-जिगर तेरी जफा ही पाने को तरसता है

इश्क में मौत तो एक दिन आनी ही थी, तुम्हारे इंतजार में दर्द में जीती जिंदगानी थी, आशिक की सदियों से यही कहानी थी।

Leave a Reply