शायरी – उदास रात से मैं हजार बातें करता हूं

उदास रात की शायरी

उदास रात से मैं हजार बातें करता हूं
तेरी यादों से रोज मुलाकातें करता हूं

सफर कटता है दुनिया में हंसते हुए
गमों के कत्ल की वारदातें करता हूं

मेरी बातों से खफा हुए हो तुम जबसे
तबसे किसी से कुछ कहते डरता हूं

है काफिला उम्मीदों का कि जिंदा हूं
इस चिराग में उम्रभर जलके मरता हूं

Written by @Rajeev Singh

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