rashmi love story

प्यार जताने के बहाने वो कई बार आया लेकिन उसका इरादा कुछ और था – रश्मि की लव स्टोरी

मैं रश्मि हूं और कानपुर से हूं। मेरी कहानी उन लड़कियों के लिए है जो किसी लड़के के साथ प्यार में इमोशनल होकर फिजिकल रिलेशन बना बैठती हैं। 2010 की बात है, उस समय मैंने 12वीं पास की थी। मेरे पापा के एक क्लोज फ्रेंड थे। हमारी फैमिली एक दूसरे के यहां आती जाती थी। मेरी ही उम्र का उनका एक बेटा था जिसके साथ मैं लव रिलेशन में आई। पहले हम दोनों में बातें हुईं, फैमिली फ्रेंड होने की वजह से क्लोज आ गए।

मैं उसको बहुत ज्यादा चाहती थी। हम दोनों के बीच फिजिकल रिलेशन बने, मैं मानती हूं कि उसमें मेरी भी गलती होगी। मैं उसे बहुत प्यार करती थी इसलिए उसने जब मुझ पर दबाव डाला तो मैं भी उसके आगे झुक गई लेकिन हमारे बीच सिर्फ एक बार ऐसा हुआ। मुझे बहुत बुरा फील हो रहा था और उसके बाद मैंने देखा कि वो हमेशा मुझे ऐसे देखता था जैसे कि मैं कोई चीज हूं। मैंने उससे मना किया तो हमारे बीच झगड़े होने लगे और उसने 2012 में अचानक मुझसे बात करना छोड़ दिया।

मैं उसको फोन करती थी तो वो उठाता नहीं था। यही नहीं उसने मेरा नंबर भी अपने दोस्तों को दे दिए जो मुझे फोन कर परेशान करने लगे। मैं इन्हीं सब वजहों से एक दिन घर में रो रही थी कि मेरे भाई ने देख लिया। मुझे यही लगता था कि हम दोनों के रिश्ते के बारे में कोई नहीं जानता लेकिन ये सच नहीं था। मेरे भाई ने कहा कि मेरा बीएफ किसी और लड़की के साथ घूमता है तो मुझे काफी शर्मिंदगी हुई कि भाई को सारी बातें मालूम हैं।
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इसके बाद हमारे रिश्ते में एक साल का और गैप हुआ और अचानक उसके बाद उसने मुझे मैसेज करना शुरू किया और माफी मांगने लगा। वो लिखता था कि वो अपने किए पर बहुत दुखी है, माफी चाहता है लेकिन मैं उसके मैसेज का कोई जवाब नहीं देती थी। इस बीच एक फैमिली फंक्शन में उसके घर गई तो वो काफी उदास और पछतावे वाली नजर से मुझे देखता रहा लेकिन मैंने उससे कोई रिश्ता नहीं रखा और ऐसा करते-करते मैं पोस्ट ग्रेजुएशन में आ गई। मैंने सिविल की तैयारी के लिए एक नामी कोचिंग ज्वाइन की। पता चला कि वो भी वहीं क्लास करता था।

हम दोनों के बीच कोचिंग में थोड़ी बहुत बात शुरू हुई। मुझे लगा कि सच में शायद वो सुधर गया है और अपने किए पर पछता रहा है। मैं उससे बात करने लगी लेकिन फिर कुछ दिन बाद उसने मेरे सामने फिजिकल रिलेशन की डिमांड रख दी। तब मुझे लगा कि उसको अभी भी मेरे शरीर की जरूरत थी इसलिए वो दुखी होने, माफी मांगने, पछताने, रोने धोने, उदास होने का नाटक कर रहा था। मैं फिर उससे दूर हुई और उससे कोई रिश्ता नहीं रखा।

मैं लड़कियों को यह कहना चाहती हूं कि वो किसी भी लड़के के इमोशनल ड्रामे में न फंसे। एक बार लगे कि कोई लड़का बस जिस्म से प्यार करता है तो उसके किसी भी इमोशनल नाटक पर ट्रस्ट न करें। ऐसे नाटक करने वाले हमारी सोसायटी में बहुत हैं जो लड़कियों की जिंदगी बर्बाद करते हैं।

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