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मेरी सहेली से उसने फ्लर्ट किया तो क्या मैंने ब्रेकअप करके ठीक किया? दिव्या की लव स्टोरी

मैं दिव्या हूं। अपनी लाइफ को लेकर बहुत ज्यादा कंफ्यूज्ड हो गई हूं। मेरे घर में पापा और बाकी सभी लोग काफी स्ट्रिक्ट हैं। बचपन से मां पापा दूसरों से मेरी तुलना करते रहे और मैंने इस वजह से काफी परेशानी झेली। दो साल पहले की बात है। कॉलेज का एक लड़का लाइफ में आया। मैं खुश थी लेकिन मुझे पता नहीं था कि वो सीरियस था या टाइमपास कर रहा था इसलिए मैंने पहले उसकी बातों पर कम ध्यान दिया। दो महीने तक वो रिलेशनशिप के लिए हां कहने के लिए मुझे मनाता रहा।

जब भी उससे बात करती थी तो डर लगता था कि कहीं पैरेंट्स को पता न लग जाए। मैंने उससे कहा भी कि मुझे रिलेशनशिप नहीं चाहिए क्योंकि इसका कोई फ्यूचर नहीं है। मैं भी उससे प्यार करती थी। वो मेरे पीछे पड़ा रहा तो मैंने बाद में उसे रिलेशनशिप के लिए हां कर दिया और उससे बात करती थी।

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मैंने उसके बारे में एक फ्रेंड को बताया। मेरी फ्रेंड ने उस लड़के को फेसबुक पर फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजा तो उसने एक्सेप्ट किया और उसके बाद वो लड़का मेरी फ्रेंड के पीछे पड़ गया। उसे मिलने के लिए बुलाने लगा। मेरी फ्रेंड ने मुझे बताया कि तेरा बीएफ मुझसे फ्लर्ट करता है। यह सुनकर मुझे काफी दुख हुआ।

मैंने उस लड़के से ब्रेकअप कर लिया। मैंने तो कभी किसी और लड़के से बात भी नहीं की उसके अलावा, उसको ऐसा नहीं करना चाहिए था। उस लड़के ने मुझे बहुत सॉरी कहा। उसने कहा कि बस फ्लर्ट ही तो किया था, कोई आई लव यू तो नहीं बोला था। उसने मुझे बहुत मनाया लेकिन मुझे उसकी हरकत ठीक नहीं लगी और मैंने ब्रेकअप कर लिया।

इस बात को छह महीने बीत चुके हैं। मेरे और उसके बीच बात बंद है लेकिन 24 घंटे मेरा दिमाग उसी के बारे में सोचता रहता है। उसके बारे में सबकुछ याद करती रहती हूं। मुझे पता चला है कि उसकी कोई और गर्लफ्रेंड भी है। यह जानकर मैं और भी टूट चुकी हूं।

समझ में नहीं आ रहा कि क्या करूं? किसी और लड़के से बात करने का भी दिल नहीं करता। फ्रेंड्स, क्या मैंने उससे ब्रेकअप करके ठीक किया? वो अब सेटल्ड है और मैं प्रफेशनल कोर्स कर रही हूं लेकिन वो मेरे दिमाग से निकलता ही नहीं। मैंने उससे ब्रेकअप करके ठीक किया है न? प्लीज बताइए, मैंने ठीक किया या नहीं?

पेज एडमिन की राय
दिव्या अपनी जिंदगी में ब्वॉयफ्रेंड चाहती है। जिंदगी में कोई लड़का चाहती है जिससे वो बात करे, अपनी बातें शेयर करे। प्यार करे। यह एक नेचुरल इंस्टिंक्ट है लेकिन उसका परिवार सख्त है। फिर भी डरकर ही सही, वह किसी से रिश्ता रखना चाहती है।

आज लड़के-लड़कियों के मन में द्वंद, संघर्ष और अवसाद (कॉन्फ्लिक्ट, डिप्रेशन) बहुत ज्यादा बढ़े हैं क्योंकि घर की इच्छा और अपनी इच्छा के बीच वो तालमेल नहीं बिठा पा रहे। दिव्या जानती है कि किसी ब्वॉयफ्रेंड से रिश्ते का कोई फ्यूचर नहीं है फिर भी वो लाइफ में ब्वॉयफ्रेंड चाहती है। घरवालों की इच्छा और अपने अंदर की चाहत के बीच वो संघर्ष झेल रही है। इस वजह से मानसिक परेशानियां बहुत ज्यादा हैं।

दिव्या ने उस लड़के से ब्रेकअप करके सही फैसला लिया क्योंकि वो दूसरों से फ्लर्ट करता है, वफादार भी नहीं है लेकिन फिर भी वो उसे मिस कर रही है। इसके पीछे प्रॉब्लम ये होती है कि हम किसी के बारे में इतना कुछ सोच चुके होते हैं कि फिर कदम पीछे हटाने पर मन अपने ही फैसले का विरोध करता है। ऐसे सिचुएशन में अगर इंसान का सेल्फ मजबूत न हो तो उसे अपने सही फैसले भी गलत लगते हैं।

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