Tag Archives: शादी की कहानी

मैट्रिमोनियल साइट पर धोखा, भारतीय लड़कियों को फंसा रहे पाकिस्तानी एजेंट!

मुंबई के चार बंगला इलाके की 28 साल की प्रिया ने शादी के लिए एक मैट्रिमोनियल साइट पर अपना अकाउंट बनाया। वहां एक शख्स से उसकी बातचीत शुरू हुई जिसने अपना परिचय दिया कि वो ब्रिटेन में बसा भारतीय यानी एनआरआई है। उसने कहा कि वो प्रिया से शादी करना चाहता है।

वाट्सएप पर प्रिया से उसकी बातचीत शुरू हुई तो उसने अपनी कई तस्वीरें भेजीं। प्रिया ने ध्यान से देखा तो वो किसी स्टूडियो की फोटो थी। तस्वीरों पर उस स्टू़डियो का मोबाइल नंबर भी लिखा था। जब प्रिया ने उस नंबर पर कॉल मिलाया तो पैरों तले से जमीन खिसक गई। वह पाकिस्तान का नंबर था और स्टूडियो भी पाकिस्तान में ही था। खुद को ब्रिटिश एनआरआई कहनेवाला वो शख्स भी पाकिस्तानी निकला।

matrimonial fraud

प्रिया ने जैसे ही उससे कहा कि वो शादी नहीं करेगी इसके बाद वो उसे जान से मारने की धमकी देने लगा। इसके बाद प्रिया ने वर्सोवा पुलिस स्टेशन में उसके खिलाफ केस दर्ज कराया। खुफिया एजेंसियों का कहना है कि पाकिस्तानी खुफिया एंजेंसी आईएसआई के लिए कई लड़के काम करते हैं जो फेसबुक या मैट्रिमोनियल साइट के जरिए भारतीय लड़कियों को प्यार के जाल में फंसाते हैं। उन लड़कियों को भारत के खिलाफ काम में लगा दिया जाता है।

इसलिए इंटरनेट पर सावधानी बरतिए। तुरंत किसी पर भी यकीन मत कीजिए। मैट्रिमोनियल साइट के जरिए या फेसबुक पर किसी से रिश्ता जोड़ने में भी दिमाग को खुला रखिए। भावनाओं में बहने का रिजल्ट बहुत बुरा हो सकता है और ऐसा कइयों के साथ हो चुका है।

Advertisements

शादी तय हो गई लेकिन लड़कीवाले दोनों को बात ही नहीं करने दे रहे

बड़े सरकारी अफसर बने मेरे एक मित्र की शादी हाल में तय हुई है। उनके लिए रिश्ते तो कई आए। कई लड़कियां सरकारी जॉब करती थीं लेकिन मित्र ने सोचा कि मैं तो कमाता ही हूं इसलिए पढ़ी-लिखी लड़की से ही शादी कर लूं तो उन्होंने एमएससी बीएड कर चुकी लड़की की फोटो देखकर घरवालों को हां कह दिया।

friendship shayari

व्यावहारिक लेन-देन यानी दहेज की रुपए देने के बाद लड़के-लड़की की शादी की डेट फिक्स कर दी गई। अब जब सबकुछ तय हो गया तब जाकर लड़के के मन में लड़की से बात करने की इच्छा जागी। लड़की के भाई से कहा, मुझे बात करनी है। लड़की के भाई ने साफ मना कर दिया, कहा कि हमारे यहां ऐसे खराब संस्कार नहीं हैं कि बेटी शादी से पहले होने वाले पति से बात करे।

अब जब मित्र ने यह बात सुनी तो उनको बुरी लगी कि जमाना कहां से कहां आ गया और इनको संस्कार की पड़ी है। शादी फिक्स होने के बाद भी बात नहीं करने दी जा रही। इसके बाद दोस्तों और रिश्तेदारों ने भी पूछना शुरू किया कि लड़की से बात हो रही कि नहीं। जब उनको पता चला तो कहने लगे कि कैसे पिछड़े घर में शादी तय कर ली, जहां अभी तक ये हाल है।

मित्र ने मुझसे पूछा कि मैं क्या करूं, लड़की से कैसे बात हो तो मैंने भी हाथ खड़े कर दिए क्योंकि मुझे भी कुछ सूझा नहीं। अब सोचिए आज भी इतने पढ़े-लिखे लोग अपनी शादी का फैसला खुद नहीं कर पा रहे हैं और शादी से पहले न ही इनको एक-दूसरे से बात करने दिया जा रहा है जबकि लड़का बड़ा अफसर है और लड़की उच्च शिक्षा प्राप्त…

शादी के लिए लड़की ने ये सोचकर हां किया होगा कि चलो, लड़का अफसर है तो काबिल है। लड़के ने फोटो और पढ़ाई देखकर हां की होगी। लेकिन समाज के इतने एंपावर्ड यानी सशक्त हुए लड़के-लड़की में इतनी ताकत नहीं कि वो शादी फिक्स होने के बाद दो बात कर लें…क्योंकि घरवालों को डर है कि बात के दौरान कहीं किसी बात को लेकर शादी टूट न जाए।

हमारे मित्र के लिए आपके पास कोई सुझाव हो या कोई रास्ता हो तो प्लीज शेयर करें।

पेज रीडर्स का जवाब

मैंने फेसबुक पर फोटो क्या डाली, उसने शादी का रिश्ता तोड़ दिया, जूली की स्टोरी

मैं जूली दिल्ली से हूं। एक लड़के से घरवालों ने मेरा रिश्ता तय किया और मैं उसे बहुत पसंद करने लगी। हम दोनों की सगाई हो चुकी है और मैं इस रिश्ते से बहुत खुशी थी। दोनों की फैमिली भी खुशी थी। लेकिन बाद में हम दोनों के झगड़े शुरू हो गए क्योंकि वो मुझ पर छोटी-छोटी बात को लेकर बहुत गुस्सा करता है। बहुत ज्यादा रोक-टोक करता है कि ये मत करो, वो मत करो। मुझे अपनी कठपुतली समझता है।

julie love story

मैं फेसबुक और वाट्सएप पर फोटो डालती हूं तो वो मुझ पर गुस्सा करता है और मना करता है। मेरा कोई पुरुष मित्र नहीं होना चाहिए, ऐसा बोलता है। जॉब करने से भी रोकता है। लेकिन इन सबके बावजूद मैं उससे प्यार करने लगी थी और उसकी हर बात मानने लगी थी। उसने मेरे लिए अपनी आदतें कभी नहीं बदलीं, अपना नेचर चेंज नहीं किया लेकिन वो मुझे अपने हिसाब से बदलने की कोशिश करता रहा।

वो जब गुस्सा होता है तो मुझ पर बहुत चिल्लाता है। मुझे जलील करता है। अपनी फैमिली के सामने भी मुझे गुस्से में कुछ भी बोल देता है। उसे अपनी गलती का जरा भी अहसास कभी नहीं होता। वो जब सॉरी भी बोलता है तो मुझे कहता है कि मैंने उसे गुस्सा दिलाया था और उसे गलत करने पर मजबूर किया था। वो हर बात का ब्लेम मेरे ऊपर डालता है। वो मुझे बहुत ज्यादा रुलाता है। उसे मेरे रोने से कोई फर्क नहीं पड़ता।

फिर भी वो कहता है कि वो मुझसे प्यार करता है। मेरी जिंदगी में आज तक उसके अलावा कोई और नहीं आया। हम दोनों की शादी की डेट फिक्स हो गई थी लेकिन जैसे ही मैंने एक फोटो फेसबुक पर डाली उसने शादी तोड़ डाली। उसने कहा कि मैं उसके लायक नहीं हूं। शादी के कार्ड तक छप गए थे। मैंने उसको बहुत कॉल किया लेकिन उसने रिसीव नहीं की। बस उसने एक मैसेज किया कि भाड़ में जाओ, मैंने तुमको छोड़ दिया, मैं तुमसे शादी नहीं करूंगा। फिर उसने शादी तोड़ने का ब्लेम भी मेरे ऊपर डाल दिया, कहा इसके जिम्मेदार तुम हो।

मैं बस ये जानना चाहती हूं कि क्या फेसबुक पर एक फोटो डालने से मैं इतनी गलत लड़की हो गई जो उसने मुझसे रिश्ता तोड़ लिया। क्या फेसबुक पर फोटो डालने से कोई रिश्ता तोड़ सकता है? उसने शादी तोड़कर दुनिया के सामने मुझे जलील होने के लिए छोड़ दिया। मैं अब समझ नहीं पा रही कि क्या करूं? उससे रिक्वेस्ट करूं कि वो इतनी सी बात के लिए शादी न तोड़े या फिर मैं खुद इस रिश्ते से पीछे हट जाऊं।

उससे बहुत प्यार करती हूं, हमेशा उसके साथ वफादार रही। उसे कभी धोखा नहीं दिया, उसके लिए अपना सबकुछ छोड़ दिया और आज उसने सिर्फ एक फोटो फेसबुक पर डालने की वजह से मुझे ही छोड़ दिया। प्लीज हेल्प मी, मुझे बताओ कि मैं क्या करूं, मेरी हेल्प करो। मुझे मेरे रिश्तेदार ताना दे रहे हैं, जिधर जा रही हूं अपने ही लोगों का सामना नहीं कर पा रही हूं, कोई मेरा साथ नहीं दे रहा, मैं बहुत परेशान हूं।

पेज एडमिन राजीव की सलाह

जूली, आपको परेशान होने की जरूरत नहीं। दरअसल आप अच्छी इंसान हैं, वो आपके लायक नहीं है। आगे कभी भी ऐसे लड़के से शादी मत कीजिएगा जो आपको इतना रोक-टोक करे। बुराई उस लड़के में है, आपमें नहीं। अच्छा हुआ कि उसने खुद ही शादी तोड़ दी, आपकी जिंदगी बच गई। रही बात फेसबुक पर फोटो अपलोड करने की, वो तो हर कोई कर रहा है। जहां तक घरवालों का सामना करने की बात है तो आप उनसे कहिए कि लड़का आपके लायक नहीं था। खुद पर भरोसा कीजिए।

पेज रीडर्स की सलाह

फौजी पति के जुल्मों की शिकार एक पढ़ी लिखी संवेदनशील लड़की की लव-मैरिज स्टोरी

मैं रंजना उत्तराखंड से हूं। मैंने एमए बीएड तक पढ़ाई की है। 2009 में मैंने लव मैरिज की थी जिसके बाद पढ़ाई छूट गई। शादी से पहले मेरे हसबैंड बहुत अच्छे इंसान थे लेकिन शादी के पहले दिन से ही उनकी सारी बातें बदल गईं क्योंकि मैं दहेज में उनके मम्मी पापा की अपेक्षा के मुताबिक सामान नहीं ला पायी थी। उनके मम्मी पापा ने उनको मेरे खिलाफ भड़काया और शादी के दूसरे तीसरे दिन से ही मेरे साथ पति ने बात करनी बंद कर दी और मारपीट भी करने लगे। मैं उनसे बहुत प्यार करती थी इसलिए मैंने उनका साथ नहीं छोड़ा।

ranjana marriage story

मेरे पति भारतीय सेना में हैं। फौज में होने की वजह से हम दोनों साल में तीन या चार बार ही मिल पाते हैं मगर मुलाकात के दिनों में एक दिन भी चैन से नहीं गुजरता है। कुछ महीने पहले जब वो घर आए तो मेरे बनाए ब्रेकफास्ट को खराब बताकर उन्होंने मुझे इतना मारा-पीटा कि हॉस्पिटल में एडमिट होना पड़ा। मेरे ससुराल वाले कहने लगे कि पुलिस में कंप्लेन करोगी तो परिवार बर्बाद हो जाएगा, पति कहने लगे कि आगे से वो मेरे ऊपर हाथ नहीं उठाएंगे। मेरी दो बेटियां हैं, उनके बारे में कहने लगे कि उनकी जिंदगी खराब हो जाएगी। मैं यह सब सोचकर शांत रह गई और माफ कर दिया।

मगर इसके बाद भी मेरे ऊपर जुल्म नहीं रुके। कुछ दिनों बाद फिर मेरे पति मुझे मेंटली टॉर्चर करने लगे। बिना गाली के वे बात ही नहीं करते। मुझे लगता है कि इस बार घर आएंगे तो फिर वो मुझे मारेंगे। मैं उत्तराखंड में ऐसी जगह से हूं जहां तलाक के बारे में सोचना भी पाप है। मेरे अपने घर में मेरी मम्मी नहीं है। पापा ने दूसरी शादी की थी। सौतेली मां और पापा मेरा साथ नहीं देते। दो बेटियों के फ्यूचर के बारे में सोचकर दस साल से मैं ये सब बर्दाश्त किए जा रही हूं। सोचा कि शायद मेरे पति कभी सुधर जाएंगे लेकिन मुझे नहीं लगता कि वो कभी बदलेंगे।

मेरे पति चार भाई हैं। मैं घर की सबसे बड़ी बहू हूं लेकिन मेरी कोई इज्जत नहीं। बाकी सभी भाई अपनी बीवी के साथ खुश हैं। मेरे पति घर में सबके सामने मेरी इंसल्ट करते हैं। मेरा साथ कोई नहीं देगा। मैं अपनी बेटियों को लेकर कहां जाऊं। मेरे सास ससुर भी यही चाहते हैं कि मैं घर छोड़कर चली जाऊं। मुझसे अब ये सब बर्दाश्त नहीं होता। पापा से एक बार कहा तो उन्होंने कहा कि अब तेरा घर वही है, पति ही सबकुछ होता है। मेरा सुसाइड करने का मन करता है मगर बेटियों को किसके भरोसे छोड़कर जाऊं, इसलिए मर भी नहीं पाती।

मेरे लिए अब पति के साथ रिश्ता निभाना बहुत मुश्किल हो रहा है। मैं किसी से भी अब अपना दर्द कह नहीं सकती। पापा से कहकर भी देख चुकी। अब कहीं से कोई उम्मीद नजर नहीं आती। मैं ये सब बातें बहुत रो-रोकर लिख रही हूं। क्या सचमुच मेरे लिए दुनिया के सारे रास्ते बंद हो चुके हैं? क्या इस टॉर्चर से निकलने का कोई रास्ता नहीं बचा है? मेरी बेटियां नहीं होती तो शायद में सुसाइड कर चुकी होती लेकिन उनका ख्याल आते ही चुप हो जाती हूं। मैं क्या करूं?

झूठ की बुनियाद पर मेरी शादी हुई, तलाक तक कैसे पहुंची – दिव्या की रियल मैरिज स्टोरी

मेरा नाम दिव्या है। मैं मध्य प्रदेश की रहने वाली हूं। मेरी शादी मेरे घर वालों ने एक साल पहले कराई। जब उन्होंने मेरी शादी तय की तो उन्हें लड़के वालों ने ये बताया कि लड़का बिजनेस करता है। उनकी जो रेंटल प्रॉपर्टी है उसका रेंट चालीस पचास हजार रुपया हर महीने आता है। लड़के की तीन शॉप बताई गई थी।

divya marriage story
—-
लेकिन जब मैं वहां शादी के बाद पहुंची तो मुझे पता चला कि ये सब झूठ है। वो लड़का केवल रिचार्ज की दुकान करता है और उसके घर का रेंट केवल दस बारह हजार रुपये आता है। ये सब जानने के बाद मुझे बहुत बुरा लगा तो मैं बहुत उदास हो गई। मेरा मेरे पति से रिश्ता ठीक नहीं रहा। लेकिन फिर मैंने ये सब सोचकर एक्सेप्ट कर लिया कि आगे सब ठीक हो जायेगा। मैं भी जॉब कर लूंगी। इसी बीच मुझे अपने पति से भी प्यार हो गया।
—–
मैने उनके लिए सब स्वीकार कर लिया। लेकिन फिर मेरे पति मेरे घर वालों के बारे में हर वक्त कुछ न कुछ बुरा बोलते रहते थे। मेरे पापा के बारे में और मेरे भैया के बारे में। लास्ट टाइम जब मेरे भय्या मुझे लेने गये तो उन्होंने मुझसे कहा कि तुम्हारे भैया ने मेरे भाई और मेरी बहन के पैर नहीं छुए, तुम्हारे भैया आते ही नहीं तो अच्छा रहता। तो मैंने कहा कि ऐसा नहीं होता है। तो उन्होंने मुझसे कहा कि अगर पैर नहीं छुएंगे तो फिर तुम अकेले ही चली जाना और अकेले ही आ जाना। अगर वो पैर नहीं छुएंगे तो फिर यहां तुम्हारे घर वालों का सम्मान भी नहीं होगा। उनसे कोई बात भी नहीं करेगा।
——
मैं भैया के साथ मायके आ गई। फिर मैंने सबकुछ अपने घर वालों को बताया तो मेरे भैया ने मेरे पति के भैया को बोला कि आप आ जाओ मुझे आपसे बात करनी है। लेकिन उनके भैया ने मना कर दिया और मैं वापस नहीं गई। फिर एक महीने बाद मेरे पति का फोन आया तो उन्होने कहा कि मैं तुम्हें लेने आ रहा हूं, तुम मेरे साथ आओगी या नहीं तो मैंने बोला कि आप भैया से बात कर लो तो मैं आपके साथ चलूंगी। लेकिन उन्होंने मेरे भैया को फोन करके कहा कि आखिरी बार दिव्या को लेने आ रहा हूं। अगर अपको भेजना है तो भेज देना। फिर जब ये बात मेरे घर वालों ने मुझे बताई तो मैंने जाने से मना कर दिया। दूसरे दिन जब वो आये तो उन्होंने मेरे घर का पानी भी नहीं पिया और चले गये।
—–
फिर तीन महीने तक हमारी कोई बात नही हुई। तीन महीने बाद उन्होने मुझे कॉल किया। हमारी बात फिर शुरू हो गई। फिर हमने दो महीने अच्छे से बात की और हमारे बीच की प्रॉब्लम सॉल्व हो गयी। फिर एक दिन उन्होंने मुझसे बोला कि दिव्या तुम अपने पापा-मम्मी को भेज दो, मै सबको बैठा कर बात करा देता हूं। मुझे भी लगा कि ये ठीक है। मैंने अपने पापा-मम्मी भैया, दीदी, जीजाजी को भेज दिया। लेकिन जब वो लोग गये तो मेरे पति बात करने भी नहीं आए और उनके भैया ने मेरे घर वालों को बोला कि आप सब निकलो यहां से। उन्होंने हमारे परिवार को अपमानित करने के लिए बुलाया था। बस उसके बाद हमारी बात नहीं हुई। इसके बाद मैंने पति से तलाक लेने का फैसला लिया।
—–
अब मेरा डाइवोर्स केस चल रहा है लेकिन वो कहते हैं कि वो मुझसे प्यार करते हैं और मेरे साथ रहना चाहते हैं। लेकिन वो मुझे ये भी कहते हैं कि तुम ईगो में ये सब कर रही हो। जबकि झगड़ा उन्होंने शुरू किया था। मुझे समझ में नहीं आ रहा है कि मै क्या करूं। मुझे इसी 18 मई से पहले फैसला लेना है क्योंकि उस दिन कोर्ट में मुझे अपना डिसीजन देना है।

शादी करने से पहले जीवनसाथी से यह सवाल जरूर पूछें – राजीव की रियल मैरिज स्टोरी

शादी भी एक प्रेम का रिश्ता होता है। जिससे शादी करने की हम सोचते हैं उसके बारे में हम पॉजिटीव सोचते हैं तभी रिश्ते में आगे बढ़ते हैं। लेकिन फिलहाल जो हमारे यहां शादियां हो रही हैं उसमें नई पीढ़ी और पुरानी पीढ़ी के बीच बहुत टकराव है। मां-बाप बेटियों को इज्जत मानकर किसी से प्रेम संबंध बढ़ाने नहीं देते या ऐसे किसी अफेयर का पता चलने पर तुरंत उसको इमोशनल ब्लैकमेल कर या दबाव डालकर किसी लड़के से शादी कराने की सोचते हैं। लेकिन ये नहीं सोचते कि जिस लड़के से उनकी बेटी की शादी दबाव के तहत होगी, उसका क्या बुरा हाल होगा? ठीक इसी तरह लड़के की शादी जबरन करानेवाले मां-बाप यह नहीं सोचते कि लड़की का क्या होगा?

rajeev marriage story
——-
मैं इस पेज का एडमिन राजीव हूं। एरेंज मैरिज में कितना फरेब है, कल इसके बुरे अनुभव से गुजरा। मेरी शादी के लिए झारखंड से एक रिश्ता आया था। मैं दिल्ली में रहता हूं। मेरी फैमिली के जरिए लड़की का बायोडाटा आया था। लड़की की फैमिली और मेरी फैमिली पहले से एक-दूसरे से परिचित हैं, दूर की रिश्तेदारी भी है। लड़की काफी पढ़ी लिखी प्राइवेट जॉब करती है। मैंने बायोडाटा ओके किया और इधर से अपना मोबाइल से खींचा गया फोटो, बायोडाटा भेज दिया। बस कुछ दिन बाद ही लड़की के पापा दिल्ली में मुझसे मिलने आए।
——-
इसके बाद सीधे वे बिहार में मेरे घर पर गए और शादी की डेट तय करने लगे। जबकि मैं लड़की से बातचीत कर ये जानना चाहता था कि मैं उसे पसंद हू कि नहीं। मेरी फैमिली भी पुराने ख्यालों की है तो उन्होंने भी मेरी बात पर ध्यान नहीं दिया। वो शुक्र है कि लड़की के पापा से किसी बात पर (शायद दहेज को लेकर) मेरे घरवालों की सहमति नहीं बनी जिस वजह से शादी की डेट फाइनल नहीं हो पाई वरना तभी सबकुछ तय हो जाता। मैं चाहता था कि मुझे और लड़की को बात करने का स्पेस मिले ताकि हम तय कर सकें कि हमें साथ रहना है कि नहीं?
——
फिर मैंने लड़की से बात कराने पर जोर दिया। साथ ही मैं यह भी सोच रहा था कि कैसी लड़की है जो पढ़ी लिखी है लेकिन इसके अंदर यह जानने की जिज्ञासा नहीं है कि जिसके साथ उसकी शादी होनेवाली है, वह लड़का कैसा है? मुझे ये बात पच नहीं रही थी। मैं किसी भी हालत में बातचीत करना चाहता था। इसके बाद लड़की का बाप एक महीने तक उससे बातचीत कराने के मामले को टालता रहा।
—-
लड़की का बाप किसी भी हालत में यह शादी कराना चाहता था। आखिरकार उसने मोबाइल नंबर दिया भी तो उसने कोशिश की कि लड़की से मेरी बात उनके सामने हो। मैंने फिर उस वक्त बात करने से मना कर दिया। मोबाइल नंबर के एक्सचेंज होने के बावजूद लड़की का कोई रिस्पॉन्स नहीं था। मैंने आखिरकार उसे कॉल लगाया तो उसने उठाया। मेरा उससे बस एक सवाल था कि तुम मम्मी-पापा के दबाव को दिमाग से निकालकर जवाब दो कि क्या तुम यह शादी करना चाहती हो? पहले दिन तो उसने गोलमटोल जवाब दिया। उसने कहा कि मम्मी-पापा की पसंद ही मेरी पसंद है। मुझे घर में बोलने की इजाजत नहीं है। वगैरह-वगैरह।
—-
फिर दूसरे दिन उसने बात ही नहीं की। मैं उसके जवाब का इंतजार करता है। उसने कहा कि ऑफिस से कॉल करूंगी। लेकिन तीसरे दिन भी उसने कॉल नहीं किया और मैं इंतजार में सिर धुनता रहा। आखिरकार मैंने उसको ह्वाट्सऐप पर कहा कि जो कहना चाहती हो, चैट पर कह दो, मैं किसी से नहीं कहूंगा। तो वो बोली कि मैं यह शादी नहीं करना चाहती, आप मुझे पसंद नहीं हो, मैं झारखंड की प्राइवेट जॉब छोड़कर दिल्ली नहीं आ सकती। मैंने इस रिश्ते से मना किया तो घर में बहुत ड्रामा हो गया तो मजबूरी में हां कहना पड़ा। मैं मम्मी-पापा को मना नहीं कर पा रही। मैं मना करूंगी तो पापा मेरा जीना मुश्किल कर देंगे। इसलिए आप अपनी तरफ से मना कर दो लेकिन मेरा नाम मत लेना। मेरा नाम लोगे इससे बेहतर है कि मुझसे शादी कर लो लेकिन मैं आपके साथ खुश नहीं रह पाऊंगी। आप मेरी खातिर बस इस रिश्ते से मना कर दो, मैं जीवनभर अहसानमंद रहूंगी।
——
पिछले दो महीनों से उसके साथ मेरे रिश्ते की बात चल रही थी इसलिए मैं उससे थोड़ा इमोशनली अटैच्ड हो गया था। उसकी बात सुनकर मुझे धक्का लगा। मैंने अपने घर पर इस रिश्ते को करने से मना कर दिया और लड़की को आखिरी मैसेज लिखा कि अच्छा हुआ जो तुमसे मैंने बात की वरना तुम दबाव के तहत मुझसे शादी करती तो मैं तो बर्बाद हो जाता।
—–