Tag Archives: सूरज शायरी

शायरी – मेरे हमराह तेरी राह के हम मुसाफिर हैं

love shayari hindi shayari

खंजर मेरे दिल को खून से तर कर दे
ऐ पत्थर मेरी आंखों में तू पानी भर दे

तू सूरज है, चंदा है, शम्मा भी है
मेरे अंधियारे जीवन में रोशनी भर दे

मेरे हमराह तेरी राह के हम मुसाफिर हैं
तू मेरे संग चले, ऐसा मंजर कर दे

रात बीते हैं जैसे गुजरते हैं सितम
तू कभी आके अमावस को पूनम कर दे

©RajeevSingh # love shayari

 

Advertisements

शायरी – तू न आई तो अधूरी है जिंदगी की गजल

love shayari hindi shayari


चांद सी आंखों से गिरते हैं अश्क से तारे
है घनेरी जुल्फ तले नम रात के नजारे

दर्द आएगा दबे पांव सुबह की तरह
फिर तो सूरज में जलेंगे मेरे अरमां सारे

तुम्हें पाया तो नीरस हो गई ये दुनिया
और दुश्मन सी हो गई घर की दीवारें

तू न आई तो अधूरी है जिंदगी की गजल
जाने कब आएगी तू लेकर हुस्न की बहारें


©RajeevSingh # love shayari #share photo shayari

शायरी – इन वादियों में देर तक सावन सिसकता रहा

love shayari hindi shayari

बूंदों की हर चोट से पत्ता हिला, हिलता रहा
लेकिन हवा की मार से वो टूटकर गिरता रहा

इन वादियों में देर तक सावन सिसकता रहा
आंसू जमीं के गालों को सहलाकर बहता रहा

बारिशों के दोपहर में सूरज कहीं सोता रहा
बादलों के बीच में खर्राटा सा गूंजता रहा

राहत मिली गर्मी से तो लोग मुसकाते रहे
और मैं रोनेवालों की आवाज को लिखता रहा

©RajeevSingh # love shayari #share photo shayari

शायरी – हमसे भी क्यूं रोज तुम आंखें चुराया करते हो

love shayari hindi shayari

सारी दुनिया से तो तुम खुद को किनारा करते हो
हमसे भी क्यूं रोज तुम आंखें चुराया करते हो

धोखा है हर शाम को सूरज का डूब जाना भी
ये कहकर तुम चांद पे ऊंगली उठाया करते हो

जंगल को भी हिला गया आंधियों का काफिला
कैसे तुम अपनी आहें सीने में छुपाया करते हो

फिर तुम रात की साज पे गाने लगे अपनी गजल
जब शहर सोता है तो तुम दीप जलाया करते हो

©RajeevSingh # love shayari #share photo shayari

शायरी – जागता है कोई दर्द ही सोने की जगह

love shayari hindi shayari

चांद आया है फलक पे सूरज की जगह
हो गई अब ये धरती रहने की जगह

भीड़ लग जाती है दरिया पे अब शामों में
कहां ढूंढेगी ये तन्हाई बैठने की जगह

ईंट पत्थर के जंगलों में भटकती चिड़िया
जाने किस पेड़ पे है बाकी रहने की जगह

सो रहे हैं सभी लोग इस बस्ती में
जागता है कोई दर्द ही सोने की जगह

फलक- आकाश

©RajeevSingh # love shayari #share photo shayari

शायरी – चांद बदन को चूम रहा है, दरिया गुमसुम लेटी है

love shayari hindi shayari

चांद बदन को चूम रहा है, दरिया गुमसुम लेटी है
पंखा झलती है हवाएं, हलचल थोड़ी होती है

बादलों की छत से सितारे, देख रहे हैं आंखें फाड़े
बैठ गगन भी सोच रहा है, धरती सुंदर लगती है

आज भी परदेस गया है, सूरज शाम की गाड़ी से
दिन के रथ पे बैठके फिर से रात की रानी आई है

वक्त का पहरा हुआ ढीला,उसने पी इश्क की बोतल
मौसम भी आजाद हुआ, मिलन की खुशबू उड़ती है

©RajeevSingh # love shayari #share photo shayari